Part III - Fundamental Rights • अनुच्छेद

अनुच्छेद 31 Simplified: सम्पत्ति का अनिवार्य अर्जन

अनुच्छेद 31 मूल रूप से संपत्ति के अधिकार को एक मौलिक अधिकार के रूप में गारंटी देता था। लेकिन देश के विकास और भूमि सुधारों (सड़कें, बांध बनाने) में बाधा आने के कारण 1978 में 44वें संशोधन द्वारा इसे मूल अधिकारों की सूची से हटा दिया गया और अनुच्छेद 300क के तहत एक सामान्य संवैधानिक अधिकार बना दिया गया।

Official Text

31 . [संपिि का अनविायर् अजर्न ।]–संविधान (चवालीसवें संशोधन) अधिनियम, 1978 की धारा 6 द्वारा (20 -6-1979 से) नरिसति । [कु छ वधियिि की व्यावृ िि]

Simple Meaning

अनुच्छेद 31 मूल रूप से संपत्ति के अधिकार को एक मौलिक अधिकार के रूप में गारंटी देता था। लेकिन देश के विकास और भूमि सुधारों (सड़कें, बांध बनाने) में बाधा आने के कारण 1978 में 44वें संशोधन द्वारा इसे मूल अधिकारों की सूची से हटा दिया गया और अनुच्छेद 300क के तहत एक सामान्य संवैधानिक अधिकार बना दिया गया।

Explain Like Ten

पहले अपनी जमीन रखना एक ऐसा पक्का अधिकार था जिसे सरकार कभी बदल नहीं सकती थी। लेकिन जब हमें सबके लिए सड़कें, स्कूल और रेलवे बनाने पड़े, तो नियम बदलकर ऐसा किया गया कि सरकार विकास के लिए जमीन खरीद सकती है, बशर्ते वह उसकी सही कीमत चुकाए।

Student Mode

मूल संविधान में संपत्ति का अधिकार अनुच्छेद 19(1)(च) और अनुच्छेद 31 के तहत एक मौलिक अधिकार था। ज़मींदारी उन्मूलन और भूमि सुधार कानूनों को न्यायिक चुनौती से बचाने के लिए इसे निरंतर संशोधनत किया गया। अंततः 44वें संशोधन अधिनियम (1978) द्वारा इसे भाग III से निरस्त कर दिया गया और भाग XII में अनुच्छेद 300क के तहत एक कानूनी/संवैधानिक अधिकार बनाया गया।

Example

1950 के दशक में यदि सरकार को रेलवे लाइन बिछाने के लिए किसी किसान की जमीन चाहिए होती थी, तो जमीन का मालिक अनुच्छेद 31 का उपयोग करके सुप्रीम कोर्ट जा सकता था। आज, अनुच्छेद 300क के तहत सरकार उचित मुआवजा देकर जमीन ले सकती है, लेकिन मालिक इसे मौलिक अधिकार का उल्लंघन नहीं कह सकता।

Key Takeaway

अनुच्छेद 31 का निरसन यह दर्शाता है कि कैसे राष्ट्र के समग्र विकास के लिए व्यक्तिगत संपत्ति के अधिकार को संतुलित किया गया।

FAQs

संविधान से अनुच्छेद 31 को क्यों हटाया गया?

इसे इसलिए हटाया गया क्योंकि संपत्ति के पूर्ण अधिकार से सरकार के भूमि सुधारों, समाजवादी लक्ष्यों और बुनियादी ढांचे के विकास में बाधा आ रही थी।

क्या संपत्ति का स्वामित्व अभी भी भारत में एक अधिकार है?

हाँ, लेकिन यह अनुच्छेद 300क के तहत एक संवैधानिक/कानूनी अधिकार है, न कि अनुच्छेद 31 के तहत एक मौलिक अधिकार।

Quiz

किस संशोधन ने अनुच्छेद 31 को निरस्त किया और संपत्ति के अधिकार को मौलिक अधिकार के रूप में समाप्त किया?

Answer: 44वां संशोधन

वर्तमान में संपत्ति का अधिकार संविधान के किस अनुच्छेद में स्थित है?

Answer: अनुच्छेद 300क

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