Part XI - Union-State Relations • अनुच्छेद
अनुच्छेद 260 Simplified: भारत के बाहर के राज्यक्षेत्रों के संबंध में संघ की अधिकारिता
अनुच्छेद 260 भारत सरकार को यह अधिकार देता है कि वह भारत की सीमाओं से बाहर के किसी क्षेत्र (विदेशी क्षेत्र) की सरकार के साथ समझौता (करार) करके वहां के प्रशासनिक, विधायी (कानून बनाने) या न्यायिक कार्यों की जिम्मेदारी संभाल सके। ऐसे समझौते विदेशी अधिकारिता से जुड़े नियमों के अनुसार ही चलेंगे।
Official Text
भारत के बाहर के राज्यिेत्रि के संबंध मि संघ कि अधिकारिता – भारत सरकार किसी ऐसे राज्यिेत्र कि सरकार से, जो भारत के राज्यिेत्र का भाग नहीं है, करार करके ऐसे राज्यिेत्र कि सरकार मि निहित किन्हंि कायर्पालक, विधायी या न्यायिक कृ त्यि का भार अपने ऊपर ले सकेगी, किन्तु प्रत्येक ऐसा करार विदेशी अधिकारिता के प्रयोग से संबंधित तत्समय प्रवृ ि किसी विधि के अधीन होगा और उससे शासित होगा ।
Simple Meaning
अनुच्छेद 260 भारत सरकार को यह अधिकार देता है कि वह भारत की सीमाओं से बाहर के किसी क्षेत्र (विदेशी क्षेत्र) की सरकार के साथ समझौता (करार) करके वहां के प्रशासनिक, विधायी (कानून बनाने) या न्यायिक कार्यों की जिम्मेदारी संभाल सके। ऐसे समझौते विदेशी अधिकारिता से जुड़े नियमों के अनुसार ही चलेंगे।
Explain Like Ten
यह नियम कहता है कि यदि भारत के पड़ोस में कोई ऐसा इलाका है जो भारत का हिस्सा नहीं है, लेकिन वहां की सरकार भारत से मदद मांगती है, तो भारत सरकार उनके साथ समझौता करके वहां की सुरक्षा, कानून और कोर्ट-कचहरी का काम संभाल सकती है।
Student Mode
अनुच्छेद 260 भारत के बाहर के क्षेत्रों के लिए संघ की बाह्य अधिकारिता (Extraterritorial Jurisdiction of the Union) को सक्षम बनाता है। यह केंद्र सरकार को अधिकार देता है कि वह किसी गैर-भारतीय क्षेत्र की सरकार के साथ द्विपक्षीय समझौते (Bilateral Agreements) के माध्यम से वहां की विधायी, कार्यपालिका और न्यायिक शक्तियों का प्रयोग कर सके। यह करार तत्समय प्रवृत्त विदेशी अधिकारिता अधिनियम के प्रावधानों से विनियमित होता है।
Example
जब भारत के पास स्थित कुछ छोटे क्षेत्र (जैसे फ्रांसीसी नियंत्रण में रहा चंद्रनगर या पुडुचेरी) आधिकारिक तौर पर पूरी तरह भारत में शामिल नहीं हुए थे, तब भारत सरकार ने वहां की स्थानीय सरकार से समझौता करके अस्थाई रूप से वहां का प्रशासन, अदालतें और कानून व्यवस्था संभाली थी।
Key Takeaway
अनुच्छेद 260 भारत सरकार को विदेशी राज्यक्षेत्रों के साथ आपसी सहमति से वहां के शासन और न्याय व्यवस्था का संचालन करने का कानूनी आधार प्रदान करता है।
FAQs
क्या भारत सरकार भारत के बाहर के किसी क्षेत्र का प्रशासन संभाल सकती है?
भारत सरकार, संबंधित क्षेत्र की सरकार के साथ समझौता करके वहां की कार्यपालिका, विधायी या न्यायिक शक्तियां हाथ में ले सकती है।
बाहर के क्षेत्रों के संबंध में किए गए ऐसे करार किससे शासित होते हैं?
ये करार तत्समय प्रवृत्त विदेशी अधिकारिता (Foreign Jurisdiction) से संबंधित कानून के अधीन होते हैं।
Quiz
अनुच्छेद 260 के अनुसार, भारत के बाहर के क्षेत्रों का प्रशासन संभालने के लिए किसके बीच समझौता होना आवश्यक है?
Answer: भारत सरकार और उस बाहरी क्षेत्र की सरकार के बीच
विदेशी क्षेत्रों में संघ द्वारा अधिकारिता का प्रयोग किस प्रकार के कृत्यों के लिए हो सकता है?
Answer: कार्यपालिका, विधायी या न्यायिक कृत्यों के लिए