Part VI - The States • अनुच्छेद

अनुच्छेद 231 Simplified: दो या अधिक राज्यों के लिए एक ही उच्च न्यायालय की स्थापना

अनुच्छेद 231 संसद (Parliament) को दो या अधिक राज्यों, या दो या अधिक राज्यों और किसी संघ राज्यक्षेत्र (Union Territory) के लिए एक ही साझा उच्च न्यायालय (Common High Court) स्थापित करने की शक्ति प्रदान करता है। ऐसे साझा उच्च न्यायालयों के मामले में, अधीनस्थ न्यायालयों के लिए नियम बनाने के लिए उस राज्य के राज्यपाल की स्वीकृति की आवश्यकता होती है जहाँ वे अदालतें स्थित हैं, जबकि शपथ और कर्मचारियों से संबंधित प्रशासनिक मामले उस राज्य से जुड़े होते हैं जहाँ उच्च न्यायालय की मुख्य पीठ (Principal Seat) स्थित है।

Official Text

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Simple Meaning

अनुच्छेद 231 संसद (Parliament) को दो या अधिक राज्यों, या दो या अधिक राज्यों और किसी संघ राज्यक्षेत्र (Union Territory) के लिए एक ही साझा उच्च न्यायालय (Common High Court) स्थापित करने की शक्ति प्रदान करता है। ऐसे साझा उच्च न्यायालयों के मामले में, अधीनस्थ न्यायालयों के लिए नियम बनाने के लिए उस राज्य के राज्यपाल की स्वीकृति की आवश्यकता होती है जहाँ वे अदालतें स्थित हैं, जबकि शपथ और कर्मचारियों से संबंधित प्रशासनिक मामले उस राज्य से जुड़े होते हैं जहाँ उच्च न्यायालय की मुख्य पीठ (Principal Seat) स्थित है।

Explain Like Ten

संसद दो या दो से अधिक राज्यों (जैसे पंजाब और हरियाणा) के लिए एक ही संयुक्त उच्च न्यायालय (High Court) बना सकती है। इससे पैसे की बचत होती है और काम आसान हो जाता है, लेकिन हर राज्य के मामलों के लिए वहां के राज्यपाल से सलाह ली जाती है।

Student Mode

अनुच्छेद 231 संसद को कानून द्वारा दो या अधिक राज्यों, या दो या अधिक राज्यों और एक संघ राज्यक्षेत्र के लिए एक साझा उच्च न्यायालय (Common High Court) स्थापित करने की शक्ति देता है। इसके तहत प्रशासनिक सुगमता के लिए प्रावधान हैं: (a) अनुच्छेद 227 के तहत नियम-निर्माण के लिए राज्यपाल की मंजूरी उस राज्य के राज्यपाल से ली जाएगी जहां अधीनस्थ न्यायालय स्थित हैं; (b) न्यायाधीशों की शपथ (अनुच्छेद 219) और स्टाफ सेवा नियम (अनुच्छेद 229) उस राज्य से संबंधित होंगे जहां मुख्य पीठ (Principal Seat) स्थित है। यदि मुख्य पीठ किसी संघ राज्यक्षेत्र में है, तो राज्यपाल और राज्य संचित निधि से जुड़े संदर्भ राष्ट्रपति और भारत की संचित निधि से बदले जाएंगे।

Example

गुवाहाटी उच्च न्यायालय असम, नागालैंड, मिजोरम और अरुणाचल प्रदेश के लिए साझा उच्च न्यायालय है। अनुच्छेद 231 के तहत, यदि यह अदालत मिजोरम की निचली अदालतों के लिए नियम बनाती है, तो उसे मिजोरम के राज्यपाल की मंजूरी लेनी होगी, जबकि स्टाफ की नियुक्तियां असम से प्रबंधित की जाएंगी क्योंकि इसकी मुख्य पीठ गुवाहाटी (असम) में है।

Key Takeaway

अनुच्छेद 231 संसद को कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए एक साझा उच्च न्यायालय स्थापित करने की अनुमति देता है ताकि प्रशासनिक दक्षता और न्यायिक संसाधनों का बेहतर उपयोग हो सके।

FAQs

भारत में किसी साझा उच्च न्यायालय (Common High Court) का उदाहरण दीजिए।

पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय (जो पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ संघ राज्यक्षेत्र की सेवा करता है) तथा बॉम्बे उच्च न्यायालय (जो महाराष्ट्र, गोवा, और दादरा व नगर हवेली तथा दमन व दीव की सेवा करता है)।

यदि कोई साझा उच्च न्यायालय स्थापित किया जाता है, तो न्यायाधीशों को शपथ कौन दिलाता है?

उस राज्य के राज्यपाल (Governor) जहाँ उच्च न्यायालय की मुख्य पीठ (Principal Seat) स्थित है।

एक साझा उच्च न्यायालय के खर्चों का भुगतान कौन करता है?

संबंधित राज्य आपस में तय किए गए अनुपात में या राष्ट्रपति द्वारा निर्धारित अनुपात में खर्चों को साझा करते हैं।

Quiz

दो या दो से अधिक राज्यों के लिए एक ही साझा उच्च न्यायालय स्थापित करने की शक्ति किसके पास है?

Answer: भारत की संसद

एक साझा उच्च न्यायालय के मामले में, यदि मुख्य पीठ किसी संघ राज्यक्षेत्र में है, तो अनुच्छेद 229 के तहत राज्य लोक सेवा आयोग के संदर्भ का अर्थ होगा:

Answer: संघ लोक सेवा आयोग (UPSC)

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