Part V - The Union • अनुच्छेद

अनुच्छेद 135 Simplified: विद्यमान विधि के अधीन संघीय न्यायालय की अधिकारिता और शक्तियों का उच्चतम न्यायालय द्वारा प्रयोक्तव्य होना

अनुच्छेद 135 एक अंतरकालीन (Transitional) नियम है। यह सुनिश्चित करता है कि आजादी से पहले के फेडरल न्यायालय (Federal Court - जो अंग्रेजों के समय भारत की सबसे बड़ी अदालत थी) के पास जो भी कानूनी शक्तियाँ थीं, वे सभी शक्तियाँ और क्षेत्राधिकार अब हमारे नए उच्चतम न्यायालय को मिल जाएँ, भले ही उनका उल्लेख विशेष रूप से अन्य अनुच्छेद में न हो।

Official Text

जब तक संसद् विधि द्वारा अन्यथा उपबंध न करे तब तक उच्चतम न्यायालय को भी किसी ऐसे विषय के संबंध में, जिसको अनुच्छेद 133 या अनुच्छेद 134 के उपबंध लागू नहीं होते हैं, अधिकारिता और शक्तियाँ होंगी यदि उस विषय के संबंध में इस संविधान के प्रारंभ से ठीक पहले किसी विद्यमान विधि के अधीन अधिकारिता और शक्तियाँ फेडरल न्यायालय द्वारा प्रयोक्तव्य थीं।

Simple Meaning

अनुच्छेद 135 एक अंतरकालीन (Transitional) नियम है। यह सुनिश्चित करता है कि आजादी से पहले के फेडरल न्यायालय (Federal Court - जो अंग्रेजों के समय भारत की सबसे बड़ी अदालत थी) के पास जो भी कानूनी शक्तियाँ थीं, वे सभी शक्तियाँ और क्षेत्राधिकार अब हमारे नए उच्चतम न्यायालय को मिल जाएँ, भले ही उनका उल्लेख विशेष रूप से अन्य अनुच्छेद में न हो।

Explain Like Ten

1950 में भारत के गणतंत्र बनने से पहले, यहाँ एक पुराना ब्रिटिश कालीन संघीय न्यायालय (Federal Court) था। यह नियम कहता है कि उस पुराने कोर्ट के पास जो भी केस और शक्तियाँ थीं, वे सब नए सुप्रीम कोर्ट को सौंप दी जाएँ।

Student Mode

यह एक संक्रमणकालीन (Transitional) प्रावधान है जो यह सुनिश्चित करता है कि भारत सरकार अधिनियम, 1935 के तहत स्थापित फेडरल कोर्ट की सभी अधिकारिताएं नए उच्चतम न्यायालय में निहित हो जाएँ, ताकि सत्ता हस्तांतरण के समय कोई कानूनी शून्यता (Legal Vacuum) न बने।

Example

यदि 1948 में किसी औपनिवेशिक कानून के तहत कोई मामला चल रहा था और वह पुराने संघीय न्यायालय के अधीन था, लेकिन वर्तमान संविधान के अनुच्छेद 133 या 134 के तहत सीधे फिट नहीं बैठता था, तो भी सुप्रीम कोर्ट अनुच्छेद 135 के तहत उसकी सुनवाई कर सकता था।

Key Takeaway

उच्चतम न्यायालय ने आजादी से पहले के फेडरल कोर्ट की सभी बची हुई शक्तियों को विरासत में प्राप्त किया।

FAQs

फेडरल न्यायालय (Federal Court) क्या था?

यह भारत सरकार अधिनियम, 1935 के तहत 1937 में स्थापित एक अदालत थी, जिसने 28 जनवरी 1950 को सुप्रीम कोर्ट की स्थापना होने तक भारत की सर्वोच्च अदालत के रूप में कार्य किया।

क्या अनुच्छेद 135 आज भी प्रासंगिक है?

यह मुख्य रूप से ऐतिहासिक महत्व का है जिसने पुराने मुकदमों को सुप्रीम कोर्ट में स्थानांतरित करने में मदद की, लेकिन यह दर्शाता है कि सुप्रीम कोर्ट के पास पूर्ववर्ती सभी संघीय न्यायिक अधिकार मौजूद हैं।

Quiz

अनुच्छेद 135 के तहत किस ऐतिहासिक न्यायालय की शक्तियां सुप्रीम कोर्ट को सौंपी गईं?

Answer: फेडरल न्यायालय (संघीय न्यायालय)

फेडरल न्यायालय की स्थापना किस अधिनियम के तहत की गई थी?

Answer: भारत सरकार अधिनियम 1935

Related Topics